प्लाटों का आकार कम करने का कारण बताने से बच
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प्लाटों का आकार कम करने का कारण बताने से बच
As reported in Dainik Jagran on 16/08/2012
http://in.jagran.yahoo.com/epaper/ar...47869872553280
प्लाटों का आकार कम करने का कारण बताने से बच रहा डीडीए
राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली : रोहिणी आवासीय योजना-1981 के तहत दिए जाने वाले प्लाटों का आकार क्यों कम किया गया, इसका जवाब देना दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) के लिए भारी पड़ सकता है। डीडीए इसका जवाब देने से बच रहा है। आरोप है कि डीडीए ने प्लाटों का आकार कम करने से केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय से मंजूरी तक नहीं ली। प्लाटों का साइज कम करने का कारण जानने के लिए आवेदक सचिन अरोड़ा ने जब डीडीए से सूचना का अधिकार कानून (आरटीआइ) के तहत केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय की सत्यापित प्रतियां मांगी, जिसमें मंत्रालय ने प्लाट साइज कम करने की मंजूरी दी है। डीडीए ने जवाब दिया कि सत्यापित प्रतियां तब ही दी जाएंगी, जब सचिन 300 रुपये जमा कराएंगे। गौरतलब है कि वर्ष 1981 में जब डीडीए ने यह योजना शुरू की थी तो मध्य आय वर्ग (एमआइजी) के लिए प्लॉट का साइज 90 वर्ग मीटर, न्यूनतम आय वर्ग (एलआइजी) के लिये प्लॉट का साइज 48 वर्ग मीटर, जबकि कमजोर आय वर्ग के लिए प्लॉट का साइज 26 वर्ग मीटर निर्धारित किया गया था। डीडीए ने वर्ष 1999 तक इसी आकार के प्लॉट का आवंटन आवेदकों को किया, लेकिन वर्ष 2000 में जमीन की कमी का रोना रोते हुए डीडीए ने इन प्लॉटों का साइज छोटा कर दिया। एमआइजी प्लॉट का साइज 60 मीटर, एलआइजी प्लॉट का साइज 32 वर्ग मीटर कर दिया गया, हालांकि इसके बाद प्लॉटों के आवंटन की प्रक्रिया भी रुक गई। आवेदकों का आरोप है कि डीडीए ने उन्हें विश्र्वास में नहीं लिया। सचिन अरोड़ा ने सूचना के अधिकार के तहत डीडीए से पूछा था कि क्या यह सही है कि 1983 में तत्कालीन केंद्रीय शहरी विकास मंत्री बूटा सिंह ने लोकसभा में विश्वास दिलाया था कि आवासीय योजना की घोषणा के वक्त घोषित दरों पर ही प्लाट दिए जाएंगे।
- 08-16-2012, 11:01 PM #2
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Re: प्लाटों का आकार कम करने का कारण बताने से बच
प्लाटों का आकार कम करने का कारण बताने से बच रहा डीडीएSponsorer
डीडीए ने जवाब दिया कि सत्यापित प्रतियां तब ही दी जाएंगी, जब सचिन 300 रुपये जमा कराएंगे।
Is applicant eligible for free information ? (belongs to BPL category )
Is 30 days limit has been crossed ?
Then what is wrong if DDA PIO asked for fees for information?
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